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दिल्ली: VVIP मोबाइल नंबर के चक्कर में युवक को लगी 12 लाख की चपत

मोबाइल के वीवीआईपी नंबर लेने के चक्कर में एक युवक लाखों गवां बैठा। उसने तीन नंबर लेने के चक्कर में जालसाजों को 12 लाख एक हजार रुपये दे दिए लेकिन नंबर फिर भी नहीं मिले।

दिल्ली: VVIP मोबाइल नंबर के चक्कर में युवक को लगी 12 लाख की चपत

मोबाइल के वीवीआईपी नंबर लेने के चक्कर में एक युवक लाखों गवां बैठा। उसने तीन नंबर लेने के चक्कर में जालसाजों को 12 लाख एक हजार रुपये दे दिए लेकिन नंबर फिर भी नहीं मिले। जालसाजों ने युवक को झांसे में लेने से पहले लालच दिया था कि जो नंबर वह उसे देगें बाद में उसे पांच गुणा ज्यादा रकम में खुद ही बिकवा देंगे।

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पुलिस ने शिकायत के बाद केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। क्राइम ब्रांच को दी शिकायत में वीरेन्द्र सरीन नामक शख्स ने बताया कि उनके बेटे चेतन सरीन के पास पिछले साल चार जून को एक कॉल आया। फोन करने वाले ने खुद को एयरटेल मुंबई का चीफ मार्केटिंग आॅफिसर बताया।

उसने कहा कि एयरटेल को 300 लोगों को वीवीआईपी नंबर देने हैं, जिनमें से एक आप का नाम सलेक्ट हुआ है। बातों-बातों में कॉलर ने कहा कि मुंबई पुलिस कमिश्नर को पांच लाख में एक नंबर बेचा है, जिसे बाद में उन्होंने 57 लाख में आगे बिकवा दिया। युवक की दिलचस्पी बढ़ी तो आगे बातें जारी रही।

उससे कहा गया कि आपको एक नंबर दो लाख में दिया जाएगा जिसे बाद में 10 लाख में बिकवा देंगे। उनकी बातों के जाल में युवक फंस गया और तीन नंबर लेने को राजी हो गया।

तीन वीआईपी नंबर लेने से पहले खुद का नाम राजसिंह ठाकुर बता रहे शख्स ने चेतन से बैंक अकाउंट में दो बार में छह लाख एक हजार रुपये डलवा लिए। रकम डालने के कुछ देर बाद इसी युवक के पास फिर एक कॉल आया। अबकी बार फोन करने वाले ने कहा कि राजसिंह से कुछ गड़बडी हो गई है। छह लाख रुपये फिर से एक अकाउंट में डाल दो। यह रकम बाद में वापस लौटा दी जाएगी। उसने ऐसा ही किया।

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इसके कुछ दिन बाद दोनों फोन करने वालों ने अचानक से अपने मोबाइल नंबर बंद कर दिए। पीडित को 12 लाख से ज्यादा की चपत लगने का एहसास हुआ तो उसने पिता को आपबीती बयां की और पुलिस का रूख किया। जांच पड़ताल होने के बाद क्राइम ब्रांच ने इस मामले में 29 मार्च को धोखाधड़ी का केस दर्ज कर लिया।

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