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महिला को मिडिल फिंगर दिखाने पर जाना पड़ सकता है जेल, कोर्ट ने सुनाया अहम फैसला

दिल्ली में साकेत हाई कोर्ट ने एक मामले में सुनवाई के दौरान कहा है कि हाथ या चेहरे से किसी भी महिला की ओर अभद्र इशारा (Showing Middle Finger) करना असामाजिक कृत्य है। इस मामले नें आरोपी व्यक्ति कोर्ट ने तीन साल की सजा (Three Year Imprisonment) सुनाई थी।

महिला को मिडिल फिंगर दिखाने पर जाना पड़ सकता है जेल, कोर्ट ने सुनाया अहम फैसला

हम सभी यह जानते हैं कि किसी भी व्यक्ति को मिडिल फिंगर दिखाना एक अपमानजनक इशारा होता है। खासतौर पर भारतीय सभ्यता में यह बिलकुल स्वीकार्य नहीं है। लेकिन फिर भी दोस्तों के बीच कई बार यह सब चल जाता है। लेकिन अब इसके प्रति बहुत ही सावधान रहना होगा। क्योंकि मिडिल फिंगर (middle Finger) दिखाना आपके जेल जाने का भी कारण बन सकता है।

हाथ या चेहरे से अभद्र इशारा असामाजिक कृत्य

दिल्ली की साकेत कोर्ट की महानगर दंडाधिकारी वसुंधरा आजाद ने एक केस पर सुनवाई के दौरान यह टिप्पणी की है। उन्होंने कहा है कि ऐसा कृत्य एक महिला की विनम्रता का अपमान करने के इरादे से बयान या इशारा करने के लिए पर्याप्त मात्रा में है। हाथ या चेहरे से किसी भी महिला की ओर अभद्र इशारा करना असामाजिक कृत्य (Indecent Gesture) है। इस केस में आरोपी व्यक्ति जो कि पीड़िता का देवर था।

उसे अदालत ने तीन साल की अधिकतम सजा (Three Year Imprisionment) सुनाई है। इसी वर्ष मई में एक महिला अपने देवर के खिलाफ शिकायत की थी जिसमें उसने आरोप लगाया था। कि आरोपी ने उसे मिडिल फिंगर दिखाई, भद्दी टिप्पणियां की एवं साथ ही शारिरिक तौर पर चोट भी पहुंचाई। जांच करने के बाद पुलिस ने व्यक्ति के खिलाफ आईपीसी की धारा 509 व 323 के तहत केस दर्ज किया।

संपत्ति को लेकर विवाद के लिए फसाया जा रहा है

कोर्ट में सुनवाई के दौरान व्यक्ति ने खुद को दोषी नहीं माना और ट्रायल के लिए निवेदन किया। युवक ने अदालत से कहा कि यह सब संपत्ति को लेकर एक विवाद के चलते महिला द्वारा उसको फंसाने की कोशिश है। शिकायतकर्ता की पत्नी ने भी आरोपी के समर्थन में गवाही दी और कहा कि जिस दिन इस घटना का आरोप लगाया जा रहा है उस दिन उसका पति घर पर ही रहा है।

लेकिन अदालत ने सारे तथ्यों की जांच करने के बाद कहा कि घटना के समय गवाह खुद घर पर मौजूद नहीं थी। हालांकि इस मामले में अदालत ने आरोपी को 9 अक्टूबर 2015 को इस मामले में दोषी ठहराया था, लेकिन आरोपी ने खुद को बेकसूर बताते हुए सभी आरोपों का खंडन किया था व फैसले को गलत बताते हुए चुनौती भी दी थी। मंगलवार को अदालत दोषी की सजा की मात्रा पर फैसला करेगा।

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