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बरोंडाबाजार का युवा नेकी साहू केंचुए की सहायता से बना रहा है वर्मी कम्पोस्ट

महासमुंद जिला मुख्यालय के समीप बरोंडाबाजार का युवा नेकी साहू ने डेयरी टेक्नोलाजी से बीटेक करने के बाद धान फसल कटाई

बरोंडाबाजार का युवा नेकी साहू केंचुए की सहायता से बना रहा है वर्मी कम्पोस्ट

महासमुंद जिला मुख्यालय के समीप बरोंडाबाजार का युवा नेकी साहू ने डेयरी टेक्नोलाजी से बीटेक करने के बाद धान फसल कटाई के बाद बचे पैरा, गोबर खाद और अन्य फसलों तथा मशरूम उत्पाद के से केचुएं की सहायता से उन्नत किस्म का वर्मी कम्पोस्ट तैयार कर रहा है। जिले के लिए अपेक्षाकृत नए कार्य ने अब धीरे धीरे एक उद्योग का रूप ले लिया है और उसके बनाए गए खाद करिश्मा आर्गेनिक का उपयोग तमाम कृषक करने लगे है।

इसकी डिमांड केवल महासमुंद ही नहीं, बल्कि रायपुर आदि में भी हैं, जहां व्यापारी भी इस खाद को अपने दुकानों के माध्यम से बेच रहे हैं। नेकी साहू ने बताया कि उसे अपने पढ़ाई के दौरान गुजरात और आणंद पहुंचकर कार्य करने और प्रशिक्षण पाने का मौका मिला। यहां उसे केचुंए के माध्यम से वर्मी कम्पोस्ट बनाने की जानकारी मिली और उसे देखने का अवसर भी मिला। पढ़ाई करने बाद उसने अपने घर में ही छोटे स्तर पर यह कार्य प्रारंभ किया।

उपयोगी और गुणवत्तापूर्ण खाद

नेकी साहू ने बताया कि उसे गांव से पैरा मुफ्त में मिल जाता हैं और समीप की डेयरियों से उसने ट्रेक्टर और हाईवा के माध्यम से गोबर खरीदा। केचुंए गोबर खाकर उसे अत्यंत गुणवत्ता वाले खाद के रूप में उत्सर्जित करते है। इससे उसमें उपलब्ध पोटेशियम, मैगेनेशियम, आयरन और जिंक आदि तत्वों की गुणवत्ता में सुधार होता है और करीब 5-6 गुणा अधिक उपयोगी और गुणवत्तापूर्ण खाद बन जाती है।

सब्सिडी भी मिली

अपने काम को आगे बढ़ता देख नेकी साहू ने जिला उद्योग केन्द्र के माध्यम से प्रधानमंत्री एम्प्याईनमेंट गारंटी योजना के तहत बैंक के माध्यम से 25 लाख रूपए का लोन लिया और एक व्यवस्थित शेड का निर्माण कराया है। इसके लिए उसे 35 प्रतिशत की सब्सिडी भी मिली।

मशरूम का उत्पादन भी प्रारंभ किया

वर्मी कम्पोस्ट बनाने के लिए केचुंए को कम तापमान में रखना पड़ता है, इसे देखते हुए नेकी साहू ने कम्पोस्ट खाद के टांका के उपर बची जगह में मशरूम का उत्पादन भी प्रारंभ किया है और अब उसे मशरूम लिए अच्छा मार्केट भी शामिल गया। उसने कहा कि कामधेनु महाविद्यालय और पंचगब्य अंजोरा में मिला प्रशिक्षण भी उसके लिए काफी काम आ रहा है।
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