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लाइवलीहुड ने युवाओं के हुनर को निखारा, अब अपनी पसंद के काम को बना रहे करियर

रायगढ़ लाइवलीहुड कालेज स्थानीय युवाओं के लिए सुनिश्चित रोजगार का केन्द्र बन गया है। यहां नि:शुल्क आवासीय प्रशिक्षण के द्वारा अब तक 2254 युवाओं ने रोजगार प्राप्त कर बेहतर भविष्य की ओर कदम रखा है।

लाइवलीहुड ने युवाओं के हुनर को निखारा, अब अपनी पसंद के काम को बना रहे करियर

रायगढ़ लाइवलीहुड कालेज स्थानीय युवाओं के लिए सुनिश्चित रोजगार का केन्द्र बन गया है। यहां नि:शुल्क आवासीय प्रशिक्षण के द्वारा अब तक 2254 युवाओं ने रोजगार प्राप्त कर बेहतर भविष्य की ओर कदम रखा है। इसी प्रकार प्रदेश के सभी 27 जिलों में लाइवलीहुड कॉलेज के माध्यम से हजारों युवा रोजगार की ओर अग्रसर हो रहे हैं।

लाइवलीहुड कॉलेज रायगढ़ में कौशल उन्नयन के तहत युवाओं को प्रशिक्षित किया जा रहा है। राज्य सरकार युवाओं को स्वयं में आत्मनिर्भर बनाना चाहती है और केन्द्र सरकार की मंशा के अनुरूप कौशल उन्नयन का यह कारगर रास्ता बन गया है। ये कहना बिलकुल गलत नहीं होगा कि लाइवलीहुड कालेज ने युवाओं की कला को निखारकर एक नई राह दिखाने में सफलता हािसल की है। जिले के हुनरमंद युवा अब लाइवलीहुड कॉलेज से प्रशिक्षण प्राप्त कर आत्मनिर्भरता हो रहे हैं। प्रशिक्षण के अभाव में जहां पहले काम के लिए भटकना पड़ता था। वहीं अब प्रशिक्षित होकर मनचाहा रोजगार प्राप्त करने में कामयाब हो रहे हैं।

15 हजार कमा रहे

काम के अभाव में उसे नाउम्मीदी एवं हताशा से घिरे कृष्णकुमार की जिंदगी लाइवलीहुड कॉलेज ने बदल दी। ग्राम किरोड़ीमल नगर रायगढ़ के कृष्ण कुमार यादव ने लाइवलीहुड कॉलेज में वेल्डर का प्रशिक्षण प्राप्त किया। आज वे डीएएस कॅम्पनी गुजरात में काम रहे हैं जहां उन्हें 15 हजार रुपए मासिक वेतन मिलता है।

पसंद का काम मिला

ग्राम टारपाली, रायगढ़ के गजपति पटेल पहले गांव में छोटे मोटे काम किया करते थे। ले देकर गुजारा होता था। प्लम्बर का कुछ काम भी आता था। लाइवलीहुड कॉलेज में अपने पसंद का काम मिला तो खुशी खुशी प्रशिक्षण लिया। आज गजपति केके टायर कम्पनी पोदहर में काम कर रहें हैं, जहां उन्हें 10 हजार रुपए मासिक वेतन मिलता है।

4 माह ने बदली जिंदगी

ग्राम गाला,पत्थलगॉंव के संदीप आज इलेक्ट्रीशियन सोनल टेक्नो बीकेटी कंपनी गुजरात में काम रहे हैं जहां उन्हें 12 हजार रुपए प्रतिमाह प्राप्त हो रहा है। उन्होंने बताया कि लाइवलीहुड कॉलेज में उन्होंने इलेक्ट्रीशियन का प्रशिक्षण लिया। कॉलेज में चार महीने प्रशिक्षण लेने के बाद कई जगह से आफर आए। अंत में गुजरात की कंपनी को मैने पसंद किया।

इन्हें भी मिली नई राह

लाइवलीहुड कॉलेज मुख्यमंत्री कौशल उन्नयन योजना का एक उपक्रम है। इसमें प्रशिक्षण प्राप्त कर ग्राम डोंगाढकेल रायगढ़ के विरेन्द्र राठिया (सेक्योरिटी गार्ड) आज कमान्डों सेक्योरिटी सर्विस रायपुर में 10 हजार रुपए मासिक वेतन कार्य कर रहें हैं। इसी प्रकार पुसौर, के अजीत पेंटर में प्रशिक्षण कर स्वरोजगार कर रहे हैं।

अपनी पसंद का काम करने की आजादी

रायगढ़ जिले में संचालित लाइवलीहुड कालेज के माध्यम से युवक-युवतियों को नि:शुल्क आवासीय प्रशिक्षण दिया जा रहा है। 18 से 45 वर्ष की आयु के सभी युवक युवतियां इस प्रशिक्षण में भाग ले रहे हैं। 5 वीं से 12 पास युवाओं को 1 से 5 महीने तक ट्रेनिंग दी जाती है।
इसमें होटल मैनेजमेंट, पेंटर, राजमिस्त्री, वेल्डर, प्लंबर, फिटर, शटरिंग कारपेंटर, एसी रिपेयर, जे.सी.वी. ऑपरेटर, रूम अटेंडेट, स्कैफोल्डर सिस्टम, सेक्यूरिटी गार्ड, इलेक्ट्रिशियन और शोरूम हॉस्टेस जैसे विषयों में प्रशिक्षण दिया जाता है। युवा अपनी पसंद के अनुसार विषय चुनकर प्रशिक्षण प्राप्त करता है।
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