logo

छत्तीसगढ़ समाचार : थानों में रोज करीब 4 से 5 पुलिसकर्मियों का रहेगा साप्ताहिक अवकाश, वीकली ऑफ देने के लिए चाहिए 7000 और जवान

राज्यभर में जिला पुलिस बल के थानों में तैनात और माओवादी मोर्चे पर तैनात पुलिस जवानों को साप्ताहिक अवकाश मिलने की राह आसान नहीं है। पुलिस डिपार्टमेंट पहले से ही स्वीकृत पदों का पूरा नहीं कर पाया है और अब राज्यभर में रोज 7 हजार पुलिसकर्मियों को अवकाश देने अतिरिक्त फोर्स की जरूरत पड़ेगी।

छत्तीसगढ़ समाचार : थानों में रोज करीब 4 से 5 पुलिसकर्मियों का रहेगा साप्ताहिक अवकाश, वीकली ऑफ देने के लिए चाहिए 7000 और जवान

रायपुर। राज्यभर में जिला पुलिस बल के थानों में तैनात और माओवादी मोर्चे पर तैनात पुलिस जवानों को साप्ताहिक अवकाश मिलने की राह आसान नहीं है। पुलिस डिपार्टमेंट पहले से ही स्वीकृत पदों का पूरा नहीं कर पाया है और अब राज्यभर में रोज 7 हजार पुलिसकर्मियों को अवकाश देने अतिरिक्त फोर्स की जरूरत पड़ेगी।

अगर इतनी फोर्स का तत्काल इंतजाम नहीं किया गया तो थानों की विवेचना से लाॅ एंड आर्डर कंट्रोल करने में पुलिस की फजीहत हो जाएगी। सिर्फ रायपुर जिले में थानों पर तैनात पुलिसकर्मियों को रोज अवकाश देने के लिए 350 पुलिसकर्मियों की अतिरिक्त जरूरत पड़ेगी।
पुंलिस के एक्सपर्ट की मानें तो डिपार्टमेंट में दो तरफ की फोर्स की जरूरत पड़ेगी। जितने थानों और माओवादी इलाके में जवानों को अवकाश दिया जाएगा, उतने जवानों को ड्यूटी पर तैनात रखना होगा। राज्यभर में पूरी फोर्स के 10 फीसदी जवानों को एक बार में साप्ताहिक अवकाश दिया जाएगा तो 10 फीसदी अतिरिक्त जवानों की ड्यूटी लगानी पड़ेगी। ऐसा करने पर ही सिस्टम बेहतर होगा, नहीं तो ला एंड आर्डर कंट्रोल करने में दिक्कतें होंगी।

सिस्टम बैठाने में पुलिस परेशान
राज्यभर में कुल करीब 70 हजार फोर्स है। इसमें 10 फीसदी पुलिस जवान रोज अवकाश पर रहेंगे। वहीं, करीब 20 हजार पुलिस जवानों के पद लंबे समय से रिक्त हैं। सिर्फ रायपुर में कुल 3500 बल तैनात है। इसमें रोज 350 पुलिसकर्मियों को अवकाश देना है।
ऐसे में 350 पुलिस बल की अतिरिक्त जरूरत पड़ेगी। इसमें प्रत्येक थाना प्रभारी को हफ्ते में एक दिन अवकाश देना है। इसे लेकर होमवर्क शुरू किया गया है, लेकिन सिस्टम बैठाने में अफसर भी परेशान हो गए हैं।

6 हजार पुलिसकर्मियों को लाभ नहीं
पुलिस मुख्यालय के आदेश के मुताबिक साप्ताहिक अवकाश का आदेश पुलिस दफ्तरों में लागू नहीं होगा। आईजी रेंज, डीआईजी, एसपी, सीएएफ के वरिष्ठ अफसरों के दफ्तरों, पुलिस मुख्यालय,छसबल रेडियो मुख्यालयों और ट्रेंनिग स्कूल एवं अकादमी में तैनात पुलिसकर्मियों को अवकाश का लाभ नहीं मिलेगा। इससे राज्यभर में करीब 5 से 6 हजार पुलिसकर्मी साप्ताहिक अवकाश की सुविधा से वंचित रहेंगे।

ये आदेश जारी किया गया
  • रात्रिकालीन ड्यूटी के बाद अगले दिन अवकाश दिया जाएगा।
  • माओवादी प्रभावित इलाकों में तैनात पुलिसकर्मियों को 3 महीने में 8 दिन का अवकाश मिलेगा।
  • साप्ताहिक एक दिवसीय अवकाश प्रारंभिक तौर पर आरक्षक से लेकर निरीक्षक तक को मिलेगा।
  • एसपी अपने अपने जिले के थाना एवं चैकी क्षेत्रों में पदस्थकर्मियों का इस प्रकार से रोस्टर तैयार करेंगे, जिसमें प्रत्येक पुलिसकर्मी के अवकाश का दिन तय होगा।
  • वीवीआईपी ड्यूटी एवं कानून व्यवस्था की स्थिति में पुलिस अधीक्षक द्वारा साप्ताहिक अवकाश को स्थगित किया जा सकेगा। यह अवकाश पुलिसकर्मी को उसी माह या फिर अन्य परिस्थितियों में 1 दिन का जमा रहेगा।
  • अवकाश की गणना 12.5 पर रवानगी और रात्रि 11.55 की वापसी नहीं होगी। सामान्य अवकाश में रवानगी संध्या रोलकाॅल के बाद दी जाएगी और सुबह गणना के समय आमद कराई जाएगी।
Share it
Top