logo
Breaking

IAS मनोज पिंगुआ को वापिस बुलाने छत्तीसगढ़ सरकार ने भारत सरकार को लिखा पत्र

छत्तीसगढ़ के प्रशासनिक विभागों में अफसरों की कमी को देखते हुए प्रदेश के मुखिया भूपेश बघेल ने भारत सरकार को एक पत्र लिखा है। इस पत्र में सीएम भूपेश बघेल ने 1994 बैच के आईएएस अफसर मनोज पिंगुआ को सेंट्रल डेपुटेशन से वापिस बुलाने की मांग की है।

IAS मनोज पिंगुआ को वापिस बुलाने छत्तीसगढ़ सरकार ने भारत सरकार को लिखा पत्र

रायपुर: छत्तीसगढ़ के प्रशासनिक विभागों में अफसरों की कमी को देखते हुए प्रदेश के मुखिया भूपेश बघेल ने भारत सरकार को एक पत्र लिखा है। इस पत्र में सीएम भूपेश बघेल ने 1994 बैच के आईएएस अफसर मनोज पिंगुआ को सेंट्रल डेपुटेशन से वापिस बुलाने की मांग की है। IAS पिंगुआ का डेपुटेशन मार्च में समाप्त होगा लेकिन राज्य सरकार चाहती है कि केंद्र समय से पहले पिंगुआ को रिलीव कर दे।

गौरतलब है कि पिछले साल ही उन्हें प्रिंसिपल सिकरेट्री के पद पर प्रोफार्मा प्रमोशन मिला था, जिसके बाद वे डेप्यूटेशन भारत सरकार के अधीन में चले गए थे। 2017 में उनका तीन साल का पीरियड पूरा हो गया था, लेकिन ​पारिवारिक कारणों के चलते उन्होंने डेप्यूटेशनकी अवधी बढ़वा ली। अब 11 मार्च को को रिलीव हो जाएंगे। दिल्ली जाने से पहले उनके पास जीएडी और ट्राईबल विभाग था। वे अपने काम से मतलब रखने वाले निर्विवाद छबि के आईएएस माने जाते हैं। ट्राईबल में भी उन्होंने काफी काम किया था।

प्रिंसिपल सिकरेट्री लेवल पर फिलहाल अफसरों का काफी टोटा है। प्रमुख सचिव अमित अग्रवाल, विकासशील और उनकी पत्नी निधि छिब्बर डेपुटेशन पर भारत सरकार चली गई हैं। सुब्रत साहू निर्वाचन में होने के कारण पहले से ही मंत्रालय से बाहर हैं। बीएल अग्रवाल नौकरी से ही बर्खास्त हो गए। बचीं हैं सिर्फ रेणु पिल्ले और रीचा शर्मा। इससे पहिले कभी भी ऐसा नहीं हुआ। पांच-सात से कभी भी पीएस कम नहीं रहे। हालांकि, 95 बैच के गौरव द्विवेदी का पीएस बनना ड्यू है। उनके बाद तीन पीएस हो जाएंगे।
Share it
Top