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खुद के मकान के लिए तीन दिन में 7000 आवेदन, लोन शिविर के अंतिम दिन आवेदन पत्र लेने उमड़े आवेदक

प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत किरायेदारों काे आवास दिलाने के लिए लगाए गए लोन शिविर में आवेदकों की भीड़ उमड़ पड़ी। नगर निगम मुख्यालय के भूतल कक्ष में शिविर के अंतिम दिन देर शाम तक 3 हजार से अधिक लोगों ने खुद का मकान पाने आवेदन प्राप्त करने में दिलचस्पी दिखाई।

खुद के मकान के लिए तीन दिन में 7000 आवेदन, लोन शिविर के अंतिम दिन आवेदन पत्र लेने उमड़े आवेदक

रायपुर। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत किरायेदारों काे आवास दिलाने के लिए लगाए गए लोन शिविर में आवेदकों की भीड़ उमड़ पड़ी। नगर निगम मुख्यालय के भूतल कक्ष में शिविर के अंतिम दिन देर शाम तक 3 हजार से अधिक लोगों ने खुद का मकान पाने आवेदन प्राप्त करने में दिलचस्पी दिखाई। तीन दिन में 7000 आवेदकों ने आवास के लिए पूछताछ कर आवेदन पत्र खरीदे। दरअसल, नगर निगम सीमा क्षेत्र में किराए पर रहने वाले लोगों के लिए प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत तीन दिवसीय लोन शिविर निगम मुख्यालय में लगाया गया।

इसमें छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल, रायपुर विकास प्राधिकरण सहित निजी बिल्डरों द्वारा निर्मित ईडब्लूएस और एलआईजी आवास के लिए बैंकों ने ऋण सुविधा और शासन से मिलने वाले अनुदान की जानकारी आवेदकों को उपलब्ध कराई। नगर निगम के सोशल डेवलपमेंट स्पेशलिस्ट डॉ. संगीता ठाकुर ने बताया, शिविर में आखिरी दिन 310 लोगों ने मोर जमीन मोर मकान पाने के लिए आवेदन खरीदा। इन आवेदनपत्रों की स्क्रूटनी के बाद पात्र हितग्राहियों को छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल से आवास उपलब्ध कराया जाएगा। ऐसे आवेदक जिनके पास जमीन या पुराना मकान है, उन्हें मोर जमीन मोर मकान योजना के तहत सर्वसुविधायुक्त मकान उन्हीं की जमीन पर बनाकर दिया जा रहा है। नियम अनुसार ऐसी जमीन प्रचलित आबादी पट्टा या रजिस्ट्री वाली होना जरूरी है।

बच्चों को साथ में लेकर लगाई लाइन

मोवा क्षेत्र से पहुंची रामबाई ने बताया कि वे किराए पर मोवा में रहती हैं, शिविर के बारे में गुरुवार को उन्हें जानकारी मिली। इसलिए आज अपने छोटे बच्चेे के साथ आटो किराया कर लोन का फार्म लेने यहां आई हैं। ईडब्लूएस का मकान लेना चाहती है, इसके लिए आवेदन पत्र खरीदा है। मकान कब मिलेगा, इसकी जानकारी शिविर वालों ने उन्हें नहीं दी।

नया रायपुर में महंगा है आवास

तुलसी से आए ग्रामीण ने बताया, छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मंडल ने नया रायपुर में ईडब्लूएस वाले आवास की जो कीमत रखी है, वह बहुत महंगा है। इसलिए उन्होंने फार्म नहीं खरीदा। उनके साथ गांव के दो लोग और आए हैं, जो शिविर में आवास की जानकारी ले रहे हैं।

पूछताछ काउंटर पर जवाब देते थके कर्मचारी

आवास शिविर में चार स्टाल लगाए गए, जहां प्रात: 11 बजे से शाम 5 बजे तक शहर के अंदरूनी इलाके सहित आउटर से लोग खुद का आवास लेने संबंधी जानकारी के लिए पहुंचे। पूछताछ काउंटर पर लोगों की भारी भीड़ द्वारा एक साथ कई तरह की जानकारी मांगने से हाउसिंग बोर्ड के कर्मचारी खीझते हुए नजर आए। वहीं जवाब के साथ फार्म वितरण को लेकर हड़बड़ी मचाते आवेदकों से भी उन्हें परेशानी हुई।

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