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बागनदी बॉर्डर से 280 बसों में 10 हजार मजदूर रवाना, कलेक्टर-एसपी ने ऐसे संभाला मोर्चा

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देश पर की गई बसों की गई व्यवस्था सहित अन्य इंतजाम। पढ़िए पूरी खबर-

बागनदी बॉर्डर से 280 बसों में 10 हजार मजदूर रवाना, कलेक्टर-एसपी ने ऐसे संभाला मोर्चा
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रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की मंशा के अनुरूप राजनांदगांव जिले के बागनदी बार्डर पर छत्तीसगढ़ के जिलों तथा अन्य राज्यों तक जाने वाले प्रवासी श्रमिकों को बहुत ही व्यवस्थित और सुरक्षित ढंग से तत्परतापूर्वक बसों से गंतव्य स्थलों की ओर भेजा जा रहा है। कलेक्टर जयप्रकाश मौर्य के मार्गदर्शन में जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन के अधिकारियों-कर्मचारियों की टीम द्वारा रात-दिन अथक मेहनत करके दो दिन में ही सारी व्यवस्थाएं कर ली गई है।

बागनदी बार्डर से प्रवासी श्रमिकों को छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों और देश के अन्य राज्यों सुरक्षित ढंग से भेजा जा रहा है। 16 मई को बसों से श्रमिकों को रवाना करने का काम शुरू हुआ। आज शाम 4 बजे तक लगभग साढ़े 10 हजार से अधिक श्रमिकों को 280 बसों से भेजा जा चुका है। चेकपोस्ट पर शाम को भी 100 से अधिक बसें उपलब्ध थीं।

श्रमिकों को भोजन और स्वास्थ्य परीक्षण कराने सहित बसों में बैठाने का काम सुव्यवस्थित रूप से चल रहा है। बागनदी चेकपोस्ट में प्रवासी श्रमिकों के आने के बाद भोजन, पेयजल उपलब्ध कराने के साथ स्वास्थ्य परीक्षण किया जाता है। जिला प्रशासन के त्वरित और सक्रियता से बागनदी बार्डर में श्रमिकों की भीड़ कम हो रही है। श्रमिक सुविधा अनुसार बसों से अपने घरों की ओर जा रहे हैं।

बागनदी चेकपोस्ट में श्रमिकों के आने के बाद उन्हें भोजन कराया जाता है। शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला भवन में श्रमिकों के लिए खाने के पैकेट तैयार किए जा रहे हैं। पेयजल के लिए टंकियां लगाई गई है। बागनदी स्थित पेट्रोल पंप से ही श्रमिकों के वाहनों को रवाना किया जाता है। यहां पर स्वास्थ्य जांच के लिए कैम्प लगाया गया है। इस पूरे परिसर की साफ-सफाई के लिए विशेष प्रबंध किए गए हैं। जगह-जगह डस्टबिन रखे गए हैं।

कचरों के बॉयोमेडिकल पद्धति से निपटारे के लिए पूरी व्यवस्था की गई है। Spare मशीन के जरिए परिसर को सेनेटाईज किया जा रहा है। सभी बसों को दो बार श्रमिकों के बैठने के पहले और बैठने के बाद सेनेटाईज किया जा रहा है।

श्रमिकों की सुविधा के लिए छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से संबंधित अलग-अलग काउंटर बनाए गए हैं। बागनदी चेकपोस्ट में श्रमिक सामान्य रूप से समूह में पहुंच रहे हैं। काउंटरों में समूहों के मुखिया के नाम, मोबाईल नंबर सहित पूरी जानकारी दर्ज की जा रही है। इससे श्रमिकों को संबंधित जिलों के लिए रवाना होने वाली बसों में बैठाने में काफी सहूलियत हो रही है। जरूरत के अनुरूप श्रमिक परिवारों और उनके बच्चों को चरणपादुका भी दी जा रही है।

पुलिस सहायता केन्द्र में 24 घंटे पुलिस कर्मियों की ड्यूटी लगी है। दूसरे राज्य जाने वाले श्रमिकों को उनके राज्यों के सीमावर्ती क्षेत्रों तक पहुंचाने बसों से रवाना किया जा रहा है। बसों में बैठाते समय सोशल डिस्टेसिंग का पूरा पालन किया जा रहा है। काउंटरों के पास ही बसें लगाकर श्रमिकों को बैठाया जा रहा है। दूसरे राज्यों के श्रमिकों को भी समूह में बसों में बैठाकर भेजा जा रहा है।

कलेक्टर जयप्रकाश मौर्य तथा पुलिस अधीक्षक जितेन्द्र शुक्ला हर दिन बागनदी चेकपोस्ट पहुंचकर व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं और अधिकारियों को जरूरी निर्देश दे रहे हैं। कलेक्टर श्री मौर्य ने बागनदी चेकपोस्ट का निरीक्षण करने के बाद कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के सभी श्रमिकों के लिए भोजन, पानी, स्वास्थ्य परीक्षण तथा गंतव्य स्थलों तक बसों से रवाना करने के निर्णय के अनुरूप सारी व्यवस्थाएं की जा रही है।

उन्होंने बताया कि इस परिसर में 30 सफाई कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है। मुख्यमंत्री के निर्देश पर कम समय में रात-दिन एक करके सभी प्रबंध किए गए है। श्रमिकों को भेजने के लिए 8 रूट बनाए गए है।

परमिशन लेकर दूसरे राज्यों से निजी वाहनों द्वारा आने वाले प्रवासियों के अलग काउंटर -

बागनदी चेकपोस्ट में विभिन्न राज्यों से परमिशन लेकर निजी वाहनों से आने वाले प्रवासियों के लिए अलग से चेकिंग काउंटर बनाया गया है। काउंटर बनने से प्रवासियों को काफी सहूलियत हो रही है। वहीं पर ही परमिशन की जांच कर छत्तीसगढ़ में प्रवेश के लिए अनुमति मिलने के बाद उन्हें रवाना किया जा रहा है।

कलेक्टर जयप्रकाश मौर्य के मार्गदर्शन में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मिथलेश चौधरी, जिला खाद्य अधिकारी किशोर कुमार सोमावार, डोंगरगढ़ एसडीएम अविनाश भोई, डोंगरगांव एसडीएम वीरेन्द्र सिंह, राजनांदगांव एसडीएम मुकेश रावटे, डिप्टी कलेक्टर लोकेश ध्रुव सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी बागनदी चेकपोस्ट की विभिन्न व्यवस्थाओं में लगे हुए हैं।

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