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फेसबुक के बारे में ये सच्चाई जानकर चौंक जाएंगे आप, भरे हुए हैं करोड़ों ''एंजल प्रिया''

फेसबुक के स्थापना के 14 साल के बाद भी लोगों के लिए सोशल नेटवर्किंग साइट से ज्यादा रोजमर्रा की जरूरत बन गई है।

फेसबुक के बारे में ये सच्चाई जानकर चौंक जाएंगे आप, भरे हुए हैं करोड़ों एंजल प्रिया
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फेसबुक के स्थापना के 14 साल के बाद भी लोगों के लिए सोशल नेटवर्किंग साइट से ज्यादा रोजमर्रा की जरूरत बन गई है। आज फेसबुक के करीब 4 अरब सक्रिय यूजर्स हैं और इसकी संख्या दिन-प्रतिदिन बढ़ती ही जा रही है। विश्व की कुल आबादी करीब 6 अरब है, अगर औसतन माने तो आज हर इंसान के पास एक फेसबुक अकाउंट होगा।

भारत में हो सकते हैं सबसे ज्यादा फेक अकाउंट

लेकिन एक रिपोर्ट के मुताबिक फेसबुक पर करीब 20 करोड़ नकली खाते हो सकते हैं या एक ही व्यक्ति के दो या दो से अधिक अकाउंट हो सकते हैं। यही नहीं भारत उन देशों में है, जहां इस तरह के खातों की संख्या बहुत अधिक है। यह जानकारी खुद फेसबुक ने अपनी ताजा वार्षिक रिपोर्ट में दी है।

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फेसबुक ने रिपोर्ट में कहा, 2017 की चौथी तिमाही में हमारा अनुमान है कि नकली अथवा दोहरे खातों की हिस्सेदारी हमारे मासिक सक्रिय उपयोगकर्ता (एमएयू) का लगभग 10 प्रतिशत है। फेसबुक ने कहा, हमारा मानना है कि अधिक विकसित बाजारों की तुलना में भारत, इंडोनेशिया और फिलीपींस जैसे विकासशील बाजारों में इस तरह के नकली अथवा प्रतिरूप खातों की संख्या अधिक है।

पिछले साल 12 करोड़ नकली खाते थे

31 दिसंबर 2017 तक फेसबुक पर मासिक सक्रिय उपयोगकर्ताओं की संख्या 2.13 अरब थी, जो कि 31 दिसंबर 2016 से 14 प्रतिशत अधिक है। 31 दिसंबर 2016 को एमएयू की संख्या 1.86 अरब थी, जिसमें 6 प्रतिशत यानी 11.4 करोड़ नकली खाते थे।

रिपोर्ट में कहा गया कि भारत, इंडोनेशिया और वियतनाम में उपयोगकर्ताओं की वृद्धि दिसंबर 2016 के मुकाबले दिसंबर 2017 में अधिक रही। डुप्लीकेट (नकली) खाते वे खाते हैं जो कोई उपयोगकर्ता अपने मुख्य खाते के अतिरिक्त रखता है।

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नकली खातों का अनुमान लगाना बेहद मुश्किल

रिपोर्ट में स्पष्ट किया गया है कि नकली या फर्जी खातों का अनुमान खातों के सीमित नमूने की आंतरिक समीक्षा पर आधारित है। कंपनी ने कहा कि फर्जी या नकली खातों का अनुमान वास्तविक संख्या से अलग हो सकता है। इस तरह के खातों को पैमाने पर मापना बहुत मुश्किल है।

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