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Grahan 2019 : राजनीति में उथल-पुथल मचाएंगे साल 2019 में पड़ने वाले ये चार सूर्य और चंद्र ग्रहण

राजनीति में उथलपुथल मचाएंगे साल 2019 में पड़ने वाले ये चार सूर्य और चंद्र ग्रहण। समय के कालचक्र के साथ ही अब वर्ष 2018 बिदा होने को है। नए साल का लोग स्वागत करने आतुर हैं। ऐसे में इस वर्ष चार ग्रहण पड़ रहे हैं। जिसमें दो चंद्र व दो सूर्य ग्रहण पड़ रहे हैं। ज्योतिषियों के अनुसार यह ग्रहण राजनीति करने वालों के लिए दुखदायी हो सकता है।

Grahan 2019 : राजनीति में उथल-पुथल मचाएंगे साल 2019 में पड़ने वाले ये चार सूर्य और चंद्र ग्रहण
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राजनीति में उथलपुथल मचाएंगे साल 2019 में पड़ने वाले ये चार सूर्य और चंद्र ग्रहण। समय के कालचक्र के साथ ही अब वर्ष 2018 बिदा होने को है। नए साल का लोग स्वागत करने आतुर हैं।

ऐसे में इस वर्ष चार ग्रहण पड़ रहे हैं। जिसमें दो चंद्र व दो सूर्य ग्रहण पड़ रहे हैं। ज्योतिषियों के अनुसार यह ग्रहण राजनीति करने वालों के लिए दुखदायी हो सकता है। ग्रहों के योग बता रहे है कि देश की राजनीति में जबर्दस्त उथल-पुथल मचाने वाला साबित होगा।

ज्योतिषियों की अगर माने तो इस वर्ष जगत लग्न में लग्नेश बुध राशि का होकर सप्तम भाव में बैठा है। जिसके कारण पड़ोसी शहरों में तनाव रहेगा। सीमा पर नए जगहों में तनातनी की स्थिति रहेगी। देश का मान प्रतिष्ठा बढ़ेगा।

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ज्योतिषियों के अनुसार ग्रह-गोचर की दशा

ज्योतिषियों के अनुसार राजनीति के दृष्टिकोण से जगत लग्नेश में बुध नीच राशि का होकर सप्तम भाव में बैठा है। जिसके कारण पड़ोसी से तनाव रहेगा। सीमा पर नई जगहों में तनातनी रहेगी, किन्तु देश के मान प्रतिष्ठा में गौरव बढ़ेगा।

वर्ष के प्रवेश में कर्मेश व मंगल लाभस्थ है, जो नवीन आयुधों के निर्माण में सफलतादायक है। भाग्येश गुरू का शनि के साथ युति संबंध वैज्ञानिक क्षेत्र में उत्थान का संकेत देती है।

राजनीति के दृष्टि से विश्लेषण में ज्योतिषियों के अनुसार जगत लग्न में गुरू-शनि केतु का चतुर्थ भावस्थ होना गोचर में शनि का धनु होना, राहु के कारण शासन सत्त्ता में अस्थिरता के योग देती है।

राजनीतिक उथल-पुथल के संकेत

जिससे राजनीतिक उथल-पुथल के संकेत हैं। ग्रह चक्रों के हिसाब से स्थिर सरकार का अभाव रहेगा। इस वर्ष 23 मार्च में राहु मिथुन राशि में प्रवेश करेगी। देश की कुंडली में चंद्रमा से द्वादश है, जो प्रजा वर्ग में महामारियों के प्रकोप को सूचित करता है।

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वर्ष 2019 में पड़ेंगे चार ग्रहण
इस वर्ष चार ग्रहण पड़ेंगे। जिसमें दो सूर्य एवं दो चंद्र ग्रहण है। ज्योतिषियों के मुताबिक 2 जुलाई को सूर्य ग्रहण, जो देश में दृश्य नहीं है। 26 दिसंबर सूर्यग्रहण जो देश में दिखलाई देगा।
इसी तरह 16 जुलाई में चंद्रग्रहण एवं 10 जनवरी को चंद्रग्रहण पड़ रहा है। यह ग्रहण भी अदृश्य रहेगा। ज्योतिष गणना के अनुसार जुलाई-अगस्त माह में कई राज्यों में अधिक वृष्टि के कारण बाढ़ इत्यादि की आशंका रहेगी।
दिसंबर माह में भूकंप इत्यादि का प्रकोप भी सामने आ सकता है। मेदनी ज्योतिष के अनुसार भार की राशि मकर है, जब भी शनि कमर कुम्भ में आता है, तो देश में विपरीत फल देता है।
इस वर्ष वर्षा उत्तम रहेगी। आरंभ में परिधानी सवासर 11 मई से प्रमादी संवत्सर का प्रवेश होगा। इस संतत्सर में राजा शनि भैंस वाहन में रहेगा, मंत्री सूर्य के कारण शासक वर्ग में परस्कपर सहमति का अभाव रहेगा। जिससे विकास की गति धीमी रहेगी। मंत्री सूर्य अन्न की प्राप्ति होगी।
किसानों के लिए प्रगति कारक
ग्रहों के योग के अनुसार कृषक वर्ग की उन्नति होगी। फसलों का उत्पादन बढ़ेगा। वहीं दूसरी ओर व्यापारी वर्ग के लिए शेयर मार्केट अस्थिर रहेगा। व्यापार में बढ़ोत्तरी, बहुराष्ट्रीय कंपनियों का आगमन होगा। गुड़ गन्ने के व्यापारियों के लिए मध्यम, डेयरी उद्योग में व्यापार बढ़ेगा। जमीन के क्रय विक्रय का व्यापार मध्यम रहेगा।
ग्रहों के चाल के कारण उथल-पुथल
नव वर्ष में ग्रहों के चाल के कारण राजनीतिक मौसम व्यापार में उथल-पुथल की स्थिति निर्मित हो सकती है।
डॉ. नरेन्द्र कुमार दीक्षित
ज्योतिषाचार्य

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