Top
Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

Sarva Pitru Amavasya 2019 : शनि अमावस्या के दिन सर्व पितृ अमावस्या, शुभ संयोग से दूर होंगे पितृ दोष और शनि दोष

Sarva Pitru Amavasya 2019 सर्व पितृ अमावस्या इस साल 2019 में 28 सितंबर 2019 के दिन पड़ रही है, इसी के साथ इस दिन शनि अमावस्या (Shani Amavasya 2019) भी है, सर्व पितृ अमावस्या यदि आप पीपल के पांच पत्ते लेकर उन पर पांच तरह की मिठाई रखकर पीपल की विधिवत पूजा करके पीपल देव को अर्पित करते हैं तो आपको पितृ दोष के साथ शनिदोषों से भी मुक्ति मिल जाएगी आइए जानते हैं इसके अलावा आप सर्व पितृ अमावस्या पर पितृ दोष और शनि दोष से मुक्ति पाने के लिए क्या उपाय कर सकते हैं।

Sarv Pitru Amavasya 2019 : शनि अमावस्या के दिन सर्व पितृ अमावस्या, शुभ संयोग से दूर होंगे पितृ दोष और शनि दोषSarv Pitru Amavasya 2019 Date Importance Significance Pitra Dosh Shani Amavasya 2019 Date Importance Significance Shani Dosh

Sarv Pitru Amavasya 2019 सर्व पितृ अमावस्या इस बार शनिवार अमावस्या के दिन पड़ रही है। जिसके कारण यह अत्यंत ही लाभकारी बन गई है। इस दिन कुछ उपाय करने से न केवल आप पितृ दोष (Pitru Dosh) से बल्कि शनि दोषों से भी मुक्ति पा सकते हैं। सर्व पितृ अमावस्या (Sarv Pitru Amavasya) पर सभी पित्तरों का श्राद्ध कर्म किया जा सकता है। चाहें उनकी मृत्यु की तिथि आपको पता हो चाहे नहीं। इस दिन श्राद्ध कर्म करके आप अपने पूर्वजों का आर्शीवाद प्राप्त कर सकते हैं। किसी भी व्यक्ति की कुंडली में पितृ दोष और शनि दोष हो तो उसका जीवन नर्क के समान हो जाता है। लेकिन सर्व पितृ अमावस्या एक ऐसी अमावस्या है। जिस दिन सभी प्रकार के दोषों से मुक्ति पाई जा सकती है। तो आइए जानते हैं सर्व पितृ अमावस्या पर पितृ दोष और शनि दोष से मुक्ति पाने के लिए क्या उपाय कर सकते हैं।


इसे भी पढ़ें : Sarva Pitru Amavasya 2019 : सर्वपितृ अमावस्या कब है, पितृ तर्पण का मुहूर्त,श्राद्ध कर्म विधि, सर्वपितृ अमावस्या का महत्व और पितृ मंत्र

सर्व पितृ अमावस्या पर पितृ दोष और शनि दोष से मुक्ति पाने के उपाय (Sarv Pitru Amavasya Per Pitru Dosh of Shani Dosh Se Mukti Pane Ke Upay)

1.सर्व पितृ अमावस्या के दिन आपको कौए, कुत्ते और गाय को भोजन अवश्य करना चाहिए। क्योंकि कौए पितृ पक्ष में पित्तरों का रूप माना जाता है और यह शनिदेव का वाहन भी है, इसके अलावा कुत्ते को भैरों देव का रूप माना जाता है और भैरों भगवान शिव के ही रौद्र रूप है और गाय को हिंदू धर्म में परम पूजनीय माना जाता है। जिसमें सभी देवी देवताओं का वास होता है। इसलिए सर्व पितृ अमावस्या को इन तीनों को भोजन अवश्य कराएं क्योंकि ऐसा करने से आपका पितृ दोष और शनि दोष दोनों से छुटकारा मिलेगा।

2.सर्व पितृ अमावस्या के दिन एक लोहे का त्रिशुल लेकर उसे मां काली, भगवान शिव या काल भैरव को अर्पित कर दें। ऐसा करने से आपको न केवल आपको शनिदोषों से मुक्ति मिलेगी। बल्कि आपको ऐसा करने से पितृ दोषों से भी मुक्ति मिलेगी इसके अलावा आपके घर में यदि प्रेत बाधा है तो आपको यह उपाय करने से इस समस्या से भी छुटकारा मिलेगा।

3. सर्व पितृ अमावस्या के दिन बाजार से काले रंग की चिड़िया लेकर आएं और उसे पिजरें से मुक्त कर दें। यह उपाय करने से आपको शनि की ढैय्या और साढ़ेसाती के अशुभ फल प्राप्त नहीं होंगे। अगर आप ऐसा करते हैं तो आपको शनिदेव का विशेष आर्शीवाद प्राप्त होगा।

4. सर्व पितृ अमावस्या के दिन सूर्यास्त के बाद पीपल के पांच पत्ते ले लें और उस पर पांच तरह की मिठाईयां रख दें या फिर एक ही मिठाई को पांच बराबर हिस्सों में बांट लें। इसके बाद पीपल की विधिवत पूजा करें और पित्तरों से प्रार्थना करें कि वह सदैव अपना आर्शीवाद हम पर बनाएं रखें। क्योंकि इस दिन पितृ संतुष्ट होकर अपने लोक को जाते समय अपना आर्शीवाद प्रदान करते है। यदि आप इस दिन ऐसा करते हैं तो आपको पित्तरों का आर्शीवाद तो प्राप्त होगा साथ ही आपको शनिदेव का आर्शीवाद का भी आर्शीवाद प्राप्त होगा।

5. सर्व पितृ अमावस्या के दिन पंच बलि को भी विशेष महत्व दिया जाता है। इस दिन चीटी, कुत्ते, कौए, गाय और ब्राह्मण का भोजन निकालकर उन्हें भोजन कराया जाता है। ऐसा करने से पितृ चाहें जिस किसी भी लोक में क्यों न हो उन्हें भोजन प्राप्त हो जाता है। इससे भी हमें उनकी कृपा प्राप्त हो जाती है।


इसे भी पढ़ें : Pitru Paksha 2019 Date : पितृ पक्ष महत्व, श्राद्ध लिस्ट, श्राद्ध पूजा विधि और कौओं को भोजन खिलाने का महत्व

6. सर्व पितृ अमावस्या के दिन काले तिल, काली उड़द, गुड़, नमक, छाता, वस्त्र और जौं आदि का दान किसी निर्धन व्यक्ति को अपने पित्तरों का नाम लेकर अवश्य करें । ऐसा करने से आपके पित्तरों को सुख प्राप्त होता है और आपको उनका आर्शीवाद सर्व पितृ अमावस्या के दिन शनिवार पड़ने से अगर आप ऐसा करते हैं तो आपको अपने पितरों की कृपा के साथ शनिदेव की भी कृपा प्राप्त होगी।

7. सर्व पितृ अमावस्या के दिन भगवान शिव का अभिषेक अपने पित्तरों के नाम से कराएं। अगर आप ऐसा करते हैं तो आपको न केवल आपके पित्तरों को इसका पुण्यफल प्राप्त होगा। बल्कि आपको शनिदेव के नकारात्मक परिणामों से भी छुटकारा मिलेगा। इसके साथ ही आपको भगवान शिव की भी कृपा प्राप्त होगी।

8. सर्व पितृ अमावस्या के दिन निचले वर्ग के लोगों की सेवा करें। इस दिन आप इन्हें अपने पित्तरों के नाम से भोजन करांए, दान दक्षिणा दें अगर हो सके तो इस दिन आप इन लोगों के बीच में काले रगं के कंबलों का दान करें। यदि आप ऐसा करते हैं तो आपके पित्तरों को शांति मिलेगी और शनिदेव के बुरें फलों से भी आपको मुक्ति मिलेगी।

9. सर्व पितृ अमावस्या के दिन किसी साफ स्थान पर अपने पित्तरों के नाम का दीपक अवश्य जलाएं और पित्तरों को प्रणाम करें । पितरों से प्रार्थना करें कि यह ज्योति आपके मार्ग को प्रकाश मान करें और आप हम पर सदैव अपनी कृपा दृष्टि बनाए रखें।

10. सर्व पितृ अमावस्या के दिन किसी ब्राह्मण को भोजन अवश्य कराएं। क्योंकि बिना ब्राह्मण को भोजन कराएं पितरों तक हमारा दिया गया भोजन नहीं पहुंचता। इसलिए इस दिन ब्राह्मण को भोजन अवश्य कराएं। जिससे आपको अपने पितरों के साथ शनिदेव का भी आर्शीवाद प्राप्त हो सके।

Next Story
Top