Hari bhoomi hindi news chhattisgarh

जानिए मिथुन और कुंभ राशि के लाइफ पार्टनर के बीच क्यों होती है उथल-पुथल

मिथुन राशि बुध की राशि है। इस राशि के स्वामी बुध हैं और कुंभ राशि शनि की राशि है। मिथुन राशि के जातकों में अभिमान और दोहरा मापदंड होता है। ये लोग दोहरी बातें करते हैं। मिथुन राशि के लोगों के अंदर थोड़े-थोड़े समय में कुछ ना कुछ बदलाव होते रहते हैं। वहीं जो कुंभ राशि है उसके स्वामी शनिदेव हैं। शनि का मतलब सैनिक।

जानिए मिथुन और कुंभ राशि के लाइफ पार्टनर के बीच क्यों होती है उथल-पुथल
X
प्रतीकात्मक

मिथुन राशि बुध की राशि है। इस राशि के स्वामी बुध हैं और कुंभ राशि शनि की राशि है। मिथुन राशि के जातकों में अभिमान और दोहरा मापदंड होता है। ये लोग दोहरी बातें करते हैं। मिथुन राशि के लोगों के अंदर थोड़े-थोड़े समय में कुछ ना कुछ बदलाव होते रहते हैं। वहीं जो कुंभ राशि है उसके स्वामी शनिदेव हैं। शनि का मतलब सैनिक।

शनि न्यायाधीश, सत्यवक्ता, जितेंद्रिय और बहुत ही अच्छे स्वभाव के होते हैं। इनकों सत्य बोलना और सत्य सुनना ही पसंद होता है। दोहरी बातों का तो शनि के यहां पर स्थान ही नहीं होता है। इसलिए दोहरे लोग कुंभ राशि के जातकों को बिलकुल भी पसंद नहीं होते हैं। ऐसी स्थिति में सैनिक और युवराज का जो संबंध होता है वह एक हद तक ही रहता है। जब युवराज अपना अभिमान दिखा देता है, तो इन दोनों के बीच में आपसी सांमजस्य में कमी आने लगती है। क्योंकि पार्टनरशिप हो, लाईफ पार्टनर हो अथवा लव पार्टनर हो या बिजनेस पार्टनर, पार्टनरशिप में सभी लोग बराबरी चाहते हैं। ''तुम अगर मेरी इज्जत करोगे तो मैं तुम्हारी करूंगा।'' लेकिन एक युवराज और सैनिक कभी नहीं चाहेंगे कि हम बराबरी करवाएं। युवराज तो बिलकुल नहीं चाहेगा कि सैनिक मेरी बराबरी करें। जबकि लाइफ पार्टनर, लव पार्टनर ये दोनों ही चाहेंगे कि हम बराबरी में बैठें। हमें हमारा पति, हमारा बॉयफ्रेंड सम्मान दे। हमारी पत्नी हमें सम्मान दे। ये दोनों ही एक-दूसरे से बहुत ज्यादा बराबरी करते हैं। और वहीं चीज इन राशि के जातकों के बीच में स्वयं यहां दिखाई नहीं देती है। इसलिए मिथुन राशि के साथ में कुंभ राशि के संबंध भी बहुत अधिक अच्छे नहीं रहते हैं। लेकिन अगर ये दोनों राशियों के लोग चाहें तो अपने संबंध मधुर कर सकते हैं। क्योंकि मिथुन राशि कुंभ राशि से पंचमस्थ राशि पड़ती है। तो कुंभ राशि के जातक वाकई में अपने पार्टनर को प्यार करते हैं। और मिथुन राशि से बहुत ही ज्यादा प्यार करते हैं। तथा मिथुन राशि कुंभ राशि से बहुत ज्यादा प्यार नहीं कर पाती है। मिथुन राशि एक समय तक प्यार करती है लेकिन जब वह समयसीमा निकल जाती है तो उसका प्यार कम हो जाता है। और अपने प्रेम को विराम लगा देते हैं। उसके बाद प्यार के क्षेत्र में मिथुन राशि के लोग आगे नहीं बढ़ते हैं। और इनका प्यार टूट जाता है, तथा अधूरा रह जाता है।

उपाय

मिथुन और कुंभ राशि के लव और लाइफ पार्टनरों को एक-दूसरे को समझना चाहिए। और पूरा सम्मान देना चाहिए। क्योंकि लाइफ बहुत ज्यादा अच्छी तभी होती जब दोनों के बीच में प्रेम का अंकुर फूटता रहता है। और इसके बाद इन दोनों की लाइफ बहुत ज्यादा अच्छी होती चली जाएगी। अगर आपको एक-दूसरे को बदलना है तो आप दोनों प्रेम से ही एक-दूसरे को बदल सकते हैं। जो मिथुन और कुंभ राशि के लोग वैवाहिक बंधन में बंध चुके हैं तो उन्हें एक-दूसरे से प्रेम करके ही अपने आपको बदलना पड़ेगा। तभी आपका जीवन सुख और खुशियों से भर सकता है।

Next Story