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Kalashtami 2020: आज भगवान शिव के साथ ऐसे करें भैरव बाबा का पूजन, होंगी मन्नतें पूरी

Sawan month 2020: आज सावन का दूसरा सोमवार होने के साथ-साथ कालाष्टमी का त्योहार भी है। आज के दिन भगवान शिव के साथ-साथ भैरव बाबा की पूजा करने का भी विधान है। कालाष्टमी के दिन भगवान शिव और भैरव बाबा अपने भक्तों की सारी मनोकामनाएं पूरी करते हैं। इस दिन भैरव बाबा के लिए भक्त कालाष्टमी का व्रत रखते हैं। हिन्दू पंचांग के अनुसार, प्रति माह कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को यह व्रत रखा जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, बाबा के हाथ में त्रिशूल, तलवार और डंडा होने के कारण बाबा काल भैरव को दंडपाणि भी कहा जाता है। कालाष्टमी के दिन भक्तों को ये पांच उपाय जरूर करने चाहिए। ऐसा करने से शत्रुओं का भय और दुर्भाग्य दूर होता है तथा सौभाग्य की प्राप्ति होती है।

कालाष्टमी पूजन: आज भगवान शिव के साथ ऐसे करें भैरव बाबा का पूजन, होंगी मन्नतें पूरी
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प्रतीकात्मक तस्वीर

Sawan month 2020: आज सावन का दूसरा सोमवार होने के साथ-साथ कालाष्टमी का त्योहार भी है। आज के दिन भगवान शिव के साथ-साथ भैरव बाबा की पूजा करने का भी विधान है। कालाष्टमी के दिन भगवान शिव और भैरव बाबा अपने भक्तों की सारी मनोकामनाएं पूरी करते हैं। इस दिन भैरव बाबा के लिए भक्त कालाष्टमी का व्रत रखते हैं। हिन्दू पंचांग के अनुसार, प्रति माह कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को यह व्रत रखा जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, बाबा के हाथ में त्रिशूल, तलवार और डंडा होने के कारण बाबा काल भैरव को दंडपाणि भी कहा जाता है। कालाष्टमी के दिन भक्तों को ये पांच उपाय जरूर करने चाहिए। ऐसा करने से शत्रुओं का भय और दुर्भाग्य दूर होता है तथा सौभाग्य की प्राप्ति होती है।

भगवान शिव का पूजन : कालाष्टमी के दिन भगवान शिव का पूजन करने से भी बाबा भैरव प्रसन्न होते हैं। और भक्तों अपना आशीर्वाद भी देते हैं, क्योंकि बाबा भैरव की उत्पत्ति भगवान शिव के अंश के रूप में हुई थी।

शिवलिंग पर अर्पण करें बिल्वपत्र: कालाष्टमी के दिन 21 बिल्वपत्रों पर चंदन से 'ॐ नम: शिवाय' लिखकर शिवलिंग पर शिव को समक्ष जानकर अर्पण करने से बाबा भैरव प्रसन्न होंगे और आपकी सारी मनोकामनाएं पूरी होंगी।

बाबा को ऐसे मनाएं: आज के दिन भगवान भैरव के मंदिर में जाकर सरसों का तेल, सिंदूर, नारियल, चना, चिरौंजी, पुए और जलेबी चढ़ाकर भक्ति भाव से पूजन करें और बाबा काल भैरव को मनाएं।

दीप जलाएं: काल भैरव जी को प्रसन्न करने के लिए, उनकी कृपा पाने के लिए आज से भगवान भैरव की मूर्ति के समक्ष सरसो के तेल का दीप जलाएं और श्रीकालभैरवाष्टकम् का पाठ करें। मनोकामना पूर्ण होने तक प्रतिदिन इस उपाय को भक्ति भाव के साथ करें।

आज से 40 दिन तक भैरव बाबा के दर्शन करें: आज (कालाष्टमी) के दिन से लेकर 40 दिन तक लगातार काल भैरव का दर्शन करें। इस उपाय को करने से भगवान भैरव प्रसन्न होंगे और आपकी मनोकामना को पूर्ण करेंगे। भैरव की पूजा के इस नियम को चालीसा कहते हैं जो चन्द्रमास के 28 दिनों और 12 राशियां को जोड़कर बनता है।

काले कुत्ते को रोटी खिलाएं: आज (कालाष्टमी) के दिन भगवान भैरव को प्रसन्न करने के लिए काले कुत्ते को मीठी रोटी खिलाएं। यदि काला कुत्ता न मिले तो किसी भी कुत्ते को खिलाकर यह उपाय कर सकते हैं। इस उपाय को करने से न सिर्फ भगवान भैरव बल्कि शनिदेव की भी कृपा बरसेगी।

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