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Jyotish Shastra: जानें, सफलता प्राप्त करने के ज्योतिषीय उपाय और मंत्र

Jyotish Shastra: परीक्षा का मौसम आते ही विद्यार्थियों के माथे पर शिकन आ जाती है। इधर पढ़ाई का टेंशन तो उधर अच्छे नंबरों से पास होने का दबाव। आखिर क्या करें जिससे कि टेंशन भी दूर हो व परीक्षा में भी अच्छी सफलता पाएं। आज का समय प्रतियोगी परीक्षाओं का है। आज हर स्टूडेंट प्रतियोगी परीक्षाओं में पास होना चाहता है ताकि उसको मनपसंद कॉलेज में प्रवेश या मनपसंद नौकरी मिल सके।

Jyotish Shastra: जानें, सफलता प्राप्त करने के ज्योतिषीय उपाय और मंत्र
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Jyotish Shastra: परीक्षा का मौसम आते ही विद्यार्थियों के माथे पर शिकन आ जाती है। इधर पढ़ाई का टेंशन तो उधर अच्छे नंबरों से पास होने का दबाव। आखिर क्या करें जिससे कि टेंशन भी दूर हो व परीक्षा में भी अच्छी सफलता पाएं। आज का समय प्रतियोगी परीक्षाओं का है। आज हर स्टूडेंट प्रतियोगी परीक्षाओं में पास होना चाहता है ताकि उसको मनपसंद कॉलेज में प्रवेश या मनपसंद नौकरी मिल सके। पाल बालाजी ज्योतिष संस्थान जयपुर जोधपुर के निदेशक ज्योतिषाचार्य डा. अनीष व्यास ने बताया कि किसी भी कार्य में सफलता पाने के लिए सबसे आवश्यक है परिश्रम और लगन। इसके अलावा ईश्वर और खुद पर विश्वास। लेकिन कई बार ग्रह-नक्षत्र या दोष की वजह से मेहनत का पूर्ण फल प्राप्त नहीं हो पाता है। स्कूल कॉलेज की परीक्षा हो या जॉब पाने के लिए इंटरव्यू सभी के मन में एक डर होता है कि सफलता हाथ लगेगी या नहीं। इस डर के चलते कई बार पूरी तैयारी होने के बावजूद भी हम फेल हो जाते हैं। परीक्षा में हमें सफलता मिले अच्छा रिजल्ट आए इसके लिए हम कड़ी मेहनत करते हैं लेकिन इसके बावजूद भी कई बार असफल हो जाते हैं। यह असफलता आपके हाथ ना लगे इसके लिए हिन्दू शास्त्रों का सहारा लें।

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ज्योतिषाचार्य डा. अनीष व्यास ने बताया कि हिन्दू धर्म के मतानुसार मनुष्य जीवन अगर शास्त्रों के दिए गए ज्ञान के अनुसार व्यतीत किया जाए तो अध्चानें कम आती हैं और आने वाले भविष्य में भी सुधार आता है। दिन की शुरुआत से लेकर दिन ढलने तक शास्त्रीय नियमों का पालन करना जीवन को सुखमयी बनाता है। यह हमें दृढ़ शक्ति देता है आत्मविश्वास को बढ़ाता है और हमें नकारात्मकता से दूर भी रखता है। इसी बात को ध्यान में रखते हुए सरल मंत्र और प्रभावकारी उपाय बताने जा रहे हैं जिनका परीक्षा, प्रतियोगी और साक्षात्कार या जॉब से पहले किया जाए तो सफलता हाथ लग सकती है।

सरल मंत्र और प्रभावकारी उपाय

विश्वविख्यात भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक डा. अनीष व्यास ने बताया कि घर पर हनुमान जी की तस्वीर के समक्ष सुबह और शाम आप सरसों के तेल का दीपक जलाएं। सरसों के तेल का दीपक सुबह 9:00 बजे से पहले और सांयकाल 7:00 बजे के बाद जलाना है। हनुमान जी की तस्वीर का मुंह दक्षिण की ओर होना चाहिए। इसके साथ ही दिन में एक बार हनुमान चालीसा और संकट संकट मोचन का पाठ जरूर पढ़ें।

दो बूंदी के लड्डू लेकर उस पर लौंग लगाकर लौंग की टोपी हटाकर हनुमान मंदिर मे चढ़ाकर अपने कार्य पर निकले। कार्य की सफलता के लिए हनुमान जी से निवेदन करें कि वह साथ चले और मेरे कार्य को पूरा कराएं।

प्रतिदिन सूर्य को जल में हल्दी मिलाकर स्टील के लोटे से अर्ध्य दें। हनुमान चालीसा और संकट संकट मोचन का पाठ जरूर पढ़ें।

बुद्धिहीन तनु जानिके, सुमिरौं पवन-कुमार।

बल बुधि बिद्या देहु मोहिं, हरहु कलेस बिकार।।

ॐ ऐं ह्रीं सरस्वत्यै नम

इस मंत्र के जाप से आपका आत्मविश्वास बढ़ेगा और आप बिना किसी भय के परीक्षा और इंटरव्यू दे पाएंगे।

गायत्री मंत्र

भविष्यवक्ता और कुण्डली विश्ल़ेषक डा. अनीष व्यास ने बताया कि जिस दिन इंटरव्यू होगा उस दिन सुबह गायत्री मंत्र का 27 बार जप करें। भगवान को लड्डू का भोग लगाए। एक लड्डू का सेवन खुध करें। इस दिन हल्के पीले रंग की शर्ट पहनें या फिर किसी भी रंग की शर्ट पहनें लेकिन पीले रंग का रूमाल अपने पास जरूर रखें।

ॐ भूर्भुव स्वः तत् सवितुर्वरेण्यं भर्गो देवस्य धीमहि धियो यो नः प्रचोदयात

ये दान करें

कुण्डली विश्ल़ेषक डा. अनीष व्यास ने बताया कि ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, मनचाही नौकरी या इंटरव्यू में पास होने के लिए दान करना काफी लाभकारी होता है। जब भी घर से निकलें, किसी असहाय, गरीब व्यक्ति को भोजन, वस्त्र या पैसे का दान जरूर करें। इससे सफलता का योग बनता है। अगर रास्ते में कोई काली गाय मिल जाए, तो उसे हरा चारा जरूर खिलाएं। यदि कोई व्यक्ति कुछ मांगता है, तो सामर्थ्य के अनुसार उसे दें, लाभ होगा।

सुंदरकांड का पाठ करने से बनने लगते हैं अपने आप सभी काम

भविष्यवक्ता डा. अनीष व्यास ने बताया कि सुंदरकांड के महत्व को मनोवैज्ञानिकों ने भी बहुत खास माना है। शास्त्रीय मान्यताओं ने ही नहीं विज्ञान ने भी सुंदरकांड के पाठ के महत्व को समझाया है। विभिन्न मनोवैज्ञानिकों की राय में सुंदरकांड का पाठ मनोकामना पूर्ण, अशुभ ग्रहों का प्रभाव दूर, भय से मुक्ति, आत्मविश्वास और इच्छाशक्ति को बढ़ाता है।

(Disc।aimer: इस स्टोरी में दी गई सूचनाएं सामान्य मान्यताओं पर आधारित हैं। Haribhoomi.com इनकी पुष्टि नहीं करता है। इन तथ्यों को अमल में लाने से पहले संबधित विशेषज्ञ से संपर्क करें)

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